गढ़वाल के श्रीनगर में हुई डॉ भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा के साथ छेड़छाड़ की घटना को माहरा ने बताया अस्मिता के साथ खिलवाड़, जिला प्रशासन पर उठाए सवाल

देहरादून  : कांग्रेस पार्टी के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष और  सीडब्ल्यूसी मेंबर करन माहरा ने श्रीनगर गढ़वाल में हुई  घटना को  प्रदेश  सरकार की नाकामी और संवेदनहीनता का जीता-जागता उदाहरण बताया है।

उन्होंने रविवार को एक बयान जारी करते  हुए कहा कि डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा के साथ छेड़छाड़ और कालिख पोतना केवल एक मूर्ति का अपमान नहीं, बल्कि संविधान, सामाजिक न्याय और दलित समाज की अस्मिता पर सीधा हमला है।

ये भी पढ़ें:  कांग्रेस भवन में गणेश गोदियाल की उपस्थिति में स्वतंत्रता संग्राम सेनानी उत्तराधिकारी प्रकोष्ठ की बैठक हुई,कहा कांग्रेस हमेशा स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के आदर्शों पर चलती आई है

उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि आखिर सरकार और प्रशासन क्या कर रहे हैं, जब सार्वजनिक स्थलों पर भी महापुरुषों का सम्मान सुरक्षित नहीं है? यह घटना साफ दर्शाती है कि असामाजिक तत्वों के हौसले इतने बुलंद हो चुके हैं कि उन्हें कानून का कोई डर नहीं रह गया है, और इसकी सबसे बड़ी जिम्मेदारी सरकार की ढीली कानून-व्यवस्था पर जाती है।

सरकार की चुप्पी और निष्क्रियता इस पूरे मामले को और भी गंभीर बना देती है। अगर समय रहते सख्त कदम उठाए जाते, तो शायद ऐसी शर्मनाक घटना सामने ही नहीं आती। यह केवल कानून-व्यवस्था की विफलता नहीं, बल्कि सामाजिक ताने-बाने को कमजोर करने वाली स्थिति है, जिसे नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।

ये भी पढ़ें:  एलपीजी सिलेंडर कालाबाजारी व अवैध गैस रिफिलिंग के खिलाफ जिला प्रशासन का एक्शन,6 सिलेंडर, इलैक्ट्रानिक कांटा, हैंगिंग वेइंग मशीन जब्त, प्राथमिक दर्ज हुई

अब जरूरत है कि सरकार केवल औपचारिक बयान देने के बजाय तुरंत दोषियों की पहचान कर कठोर कार्रवाई करे, ताकि बाबा साहेब के सम्मान पर इस तरह का हमला करने वालों को सख्त संदेश मिल सके और समाज में न्याय व समानता के मूल्यों की रक्षा हो सके।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *